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मंथली इनकम प्लान क्या है और कैसे काम करता है | Monthly Income Plans Hindi

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क्या आप जानते है मंथली इनकम प्लान क्या है? और Monthly Income Plans से हर महीने आप कैसे इनकम कर सकते है? तो चलिए आज जानते है मंथली इनकम प्लान कैसे काम करता है और आप किस तरह से इसका फायदा उठा सकते है |
Monthly Income Plans hindi

मंथली इनकम प्लान क्या है (Monthly Income Plans)

इस प्रकार के म्यूच्यूअल फण्ड, हाइब्रिड फण्ड होते है, जिसमे निवेश किया गया पैसा, डेब्ट, इक्विटीज आदि में लगाया जाता है |

इस तरह के फण्ड में डेब्ट व इक्विटी रेश्यो 80:20 का होता है, जो इसे एक डेब्ट आधारित फण्ड बना देती है |

मंथली इनकम प्लान का ज्यादा पैसा (80%) डेब्ट सिक्योरिटीज में लगाये जाने के कारण यह फण्ड कम रिस्क व कम रिटर्न वाले हो जाते है, जबकि (20%)इक्विटी में लगाये गये पैसे थोड़े बेहतर रिटर्न देते है |

मंथली इनकम प्लान में जो इनकम एक निवेशक हर महीने उम्मीद करता है वह इनकम पूरी तरह से अतिरिक्त (सरप्लस) मनी होने पर ही निवेशकों में बांटा जाता है|

जिस प्रकार स्टॉक में निवेश करने से शेयर होल्डर्स को प्रॉफिट का कुछ हिस्सा (ज्यादा प्रॉफिट होने पर) समय-समय में डिविडेंड के रूप में दिया जाता है, ठीक उसी प्रकार हाइब्रिड फण्ड मतलब Monthly Income Plans में भी दिया जाता है |

"मंथली इनकम प्लान" सुनने से लगता है कि इस प्रकार के फण्ड में हर महीने निवेशकों को इनकम दिया जाता होगा लेकिन अगर सरप्लस मनी (अतिरिक्त प्रॉफिट) नही है तो निवेशकों को इनकम नही मिलती है |

म्यूच्यूअल फण्ड में बाजार आधारित रिस्क होते है इसलिए Monthly Income Plans के रिटर्न या इनकम भी बाजार के रिस्क पर डिपेंड होते है |

मंथली इनकम प्लान में निवेश करने से पहले ध्यान रखें


  • इस फण्ड में हर महीने इनकम की कोई गारंटी नही है क्योकिं यह बाजार रिस्क पर आधारित है |
  • इस फण्ड का पैसा 80% डेब्ट सिक्योरिटीज व 20% इक्विटी में लगाया जाता है|
  • मंथली इनकम प्लान में डेब्ट व इक्विटी निवेश होने के कारण रिस्क व रिटर्न बैलेंस्ड होता है |

लिक्विड फण्ड क्या है | Liquid Fund Hindi

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क्या आप जानते है लिक्विड फण्ड क्या होता है ? और आपको लिक्विड फण्ड में कितने समय के लिए पैसे लगाने सही है? व Liquid fund के क्या-क्या फायदे है ? तो आइये देखते है लिक्विड फण्ड से जुड़ी सारी जानकारी को |

लिक्विड फण्ड क्या है? (Liquid Fund Hindi)

लिक्विड फण्ड एक प्रकार का डेब्ट फण्ड है, डेब्ट फण्ड जिसमे लगाया गया पैसा लॉन्ग टर्म के लिए डेब्ट सिक्योरिटीज व मनी मार्केट सिक्योरिटीज जैसे गवर्मेंट बांड, कमर्शियल पेपर, आदि में निवेश किया जाता है, जिनका मैच्योरिटी 91 दिन का होता है |

लिक्विड फण्ड उन निवेशक के लिए एक बेहतर आप्शन हो सकता है जो शोर्ट टर्म के लिए अपने आइडियल पड़े हुए पैसे को कम रिस्क के साथ, कम समय के लिए निवेश करना चाहते है | इस फण्ड से आपको सेविंग अकाउंट से बेहतर रिटर्न मिल सकता है |

लिक्विड फण्ड के लाभ

हाई लिक्विडिटी- लिक्विड फण्ड अपने लिक्विडिटी के लिए ही पोपुलर है | इन्वेस्टर जब चाहे तब अपना फण्ड निकाल (रिडीम) सकते है और 1-2 दिन के अंदर आपका पैसा आपके दिए गये बैंक अकाउंट में आ जाता है |

हाई रिटर्न- लिक्विड फण्ड लॉन्ग टर्म (3 वर्ष से अधिक) में आपको 7% का रिटर्न दे सकता है, और यह रिटर्न एक सेविंग बैंक अकाउंट में दिए गये रिटर्न से बेहतर है |

कम रिस्क - लिक्विड फण्ड का पैसा कम समय में मैच्योर होने वाले सिक्योरिटीज व हाई क्रेडिट रेटिंग सिक्योरिटीज में लगाया जाता है इसलिए इस फण्ड में कम रिस्क होता है |

करोड़पति कैसे बनें | Crorepati Kaise Bane | How to Become Rich

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करोड़पति, crorepati, karodpati क्या शब्द है न, और इसी शब्द को हर कोई अपने नाम के साथ लगाने कड़ी मेहनत व स्मार्ट वर्क भी करते है | लेकिन करोड़पति कैसे बनें? crorepati बनने के लिए क्या करें ? तो चलिए आज जानते है करोड़पति बनने का अचूक उपाय, यहाँ पर मैंने "अचूक" इसलिए लिखा क्योकिं यह उपाय जो मैं बता रहा हूँ, उस रास्तें पर कई करोड़पति बनकर निकलते है| बस आपको अनुशासन रखना होता है |

Crorepati Kaise Bane

How to Become Rich

अगर आपके पास एक करोड़ आ जाते है तो आपको अमीर की उपाधि तो मिल ही जाती है, लेकिन अमीर या करोड़पति बनने के लिए क्या करना होगा| कैसे एक आम इन्सान करोड़पति बन सकता है? करोड़पति बनने के लिए क्या करना है?

करोड़पति कैसे बनें

अगर आपका लक्ष्य करोड़पति बनना है तो आपको यह निर्धारित करना होता है कि आप कितने वर्ष (10 साल, 15 साल) में करोड़पति बनना चाहते है? मतलब अगर आप 20 या 25 साल के है तो शायद आप 40 वर्ष या 45 वर्ष में करोड़पति बनना चाहते होंगे | या फिर हो सकता है कि आप और भी जल्दी करोड़पति बनना चाहते है |

How to Become Crorepati with Mutual Funds

करोड़पति बनने के लिए जो उपाय मैं बताने जा रहा हूँ उसका नाम है "म्यूच्यूअल फण्ड" जी हाँ, म्यूच्यूअल फण्ड एक ऐसा रास्ता है, जो आपको करोड़पति बनाने में मदद कर सकता है | अभी आपके मन में यह प्रश्न आ सकता है कि यह म्यूच्यूअल फण्ड क्या है?

म्यूच्यूअल फण्ड, निवेश का एक बेहतर विकल्प होता है | म्यूच्यूअल फण्ड से औसतन 15% तक का रिटर्न कमाया जा सकता है |

म्यूच्यूअल फण्ड में निवेश करके करोड़पति बनने के लिए, म्यूच्यूअल फण्ड का रिटर्न व आपके द्वारा निवेश किया गया पैसा ही बताता है कि आप कितनी जल्दी करोड़पति बन सकते है|

अगर आप म्यूच्यूअल फण्ड में 5000 रूपये, हर महीनें SIP के जरिये निवेश करते है व आपको 12% का रिटर्न मिलता है तो आपको करोड़पति बनने में 26 साल लगेंगे | यदि आप 10000 हज़ार रूपये, हर महीने निवेश करते है व 12% का औसत रिटर्न मिलता है तो आप 21 साल में करोड़पति बनेगें |

इसी प्रकार 17 साल में करोड़पति बनने के लिए आपको 15000 रूपये हर महीनें SIP निवेश करनी है व यदि 12% का औसत रिटर्न मिलते है |

तेज़ी से करोड़पति कैसे बनें?

यदि आप म्यूच्यूअल फण्ड में निवेश करके तेजी से करोड़पति बनना चाहते है तो आपको कुछ बातों का ध्यान रखना होता है-

ज्यादा पैसे निवेश करना- आपने देखा जैसे-जैसे हमने निवेश के अमाउंट को 5000 से 15000 किया, करोड़पति बनने का समय 26 साल से घटकर 17 साल हो गया | मतलब आप ज्यादा पैसो का निवेश करके जल्दी करोड़पति बन सकते है |

म्यूच्यूअल फण्ड स्कीमों का विकल्प- म्यूच्यूअल फण्ड में कई विकल्प होते है, जैसे डेब्ट व इक्विटी | अगर आप डेब्ट फण्ड में निवेश करते है तो इक्विटी फण्ड से कम रिटर्न मिलते है क्योकिं डेब्ट फण्ड का पैसा सुरक्षित सिक्योरिटीज में लगाये जाते है व इनमे कम रिस्क होता है | जैसे सरकारी बांड, अच्छे रेटिंग वाले कॉर्पोरेट बांड आदि|

अगर आप इक्विटी म्यूच्यूअल फण्ड में निवेश करते है तो आपको डेब्ट फण्ड से ज्यादा रिटर्न मिलता है व इसमें रिस्क भी ज्यादा होता है क्योकि इक्विटी म्यूच्यूअल फण्ड का पैसा कंपनियों के शेयर में लगाये जाते है |

अगर आप इक्विटी म्यूच्यूअल फण्ड में निवेश करके जल्दी करोड़पति बनना चाहते है तो आपको इससे जुड़ें हुए सारे रिस्क को अवश्य जाने |

नोट: यह पोस्ट केवल शिक्षा/ज्ञान को बांटने के लिए है | किसी भी म्यूच्यूअल फण्ड, शेयर बाजार आदि में निवेश करने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श जुरूर करें|

इनकम फण्ड क्या है -Income Fund Hindi

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क्या आप जानते है इनकम फण्ड क्या होता है ? और आपको इनकम फण्ड में कितने समय के लिए पैसे लगाने सही है? व Income fund के क्या-क्या फायदे है ? तो आइये देखते है इनकम फण्ड से जुड़ी सारी जानकारी को |

Income Fund Hindi

इनकम फण्ड क्या है? (Income Fund Hindi)

इनकम फण्ड एक प्रकार का डेब्ट फण्ड है, डेब्ट फण्ड जिसमे लगाया गया पैसा लॉन्ग टर्म के लिए डेब्ट सिक्योरिटीज जैसे गवर्मेंट बांड, डिबेंचर, कॉर्पोरेट बांड आदि में निवेश किया जाता है |

इनकम फण्ड उन निवेशकों के लिए बेहतर आप्शन होता है जो 4 साल के लिए व मीडियम रिस्क के साथ अपना पैसा निवेश करना चाहते है | सेबी के अनुसार इनकम फण्ड दो केटेगरी के हो सकते है

मीडियम से लॉन्ग टाइम - इस तरह के फण्ड में आप कभी भी पैसा लगा सकते है, यह फण्ड ओपन एंडेड डेब्ट फण्ड होता है | इस तरह के फण्ड का पैसा 4-7 वर्ष के लिए मनी मार्केट व बांड जैसे सिक्योरिटीज में निवेश किया जाता है |

लॉन्ग टाइम - इस प्रकार के फण्ड में आप 7 से अधिक वर्ष के लिए अपना पैसा निवेश कर सकते है |

Income Fund के लाभ

टैक्स लाभ- अगर आप इनकम फण्ड को लॉन्ग टर्म (3 वर्ष बाद ) के लिए होल्ड करके रखते है तो आपको इससे टैक्स लाभ मिलता है | इसमें आपको जनरल टैक्स स्लैब के बजाय लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन टैक्स देना होता है | लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन टैक्स में आप महंगाई को भी एडजस्ट कर सकते है |

बेहतर रिटर्न - इनकम फण्ड में निवेश करने से आपको फिक्स्ड डिपाजिट से बेहतर रिटर्न मिलता है | बस फर्क सिर्फ इतना है कि इनकम फण्ड में इंटरेस्ट रेट रिस्क होता है, जबकि फिक्स्ड डिपाजिट में नही होता है |

लिक्विडिटी- इनकम फण्ड में फिक्स्ड डिपाजिट की तरह कोई फिक्स लॉक इन पीरियड नही होता है | एक निवेशक कभी भी एग्जिट लोड चार्ज को ध्यान में रखकर पैसे इनकम फण्ड से निकाल सकता है |

Association of Mutual Funds in India (AMFI) क्या है | AMFI in Hindi

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AMFI क्या है? और AMFI मतलब Association of Mutual Funds in India क्या काम करता है ? एम्फी का म्यूच्यूअल फण्ड इंडस्ट्री में क्या रोल है? तो चलिए आज AMFI के बारे जानते है, इसका म्यूच्यूअल फण्ड इंडस्ट्री में क्या रोल है |

AMFI in Hindi

Association of Mutual Funds in India (AMFI) क्या है

AMFI भारत की एक ऐसी संस्था है, जो म्यूच्यूअल फण्ड इंडस्ट्री से जुड़े हुए मामलों को समाधान निकालती है | AMFI, इन्वेस्टर्स के म्यूच्यूअल फण्ड में निवेश पैसो को कोई नुकसान न हो, इसके लिए SEBI (कैपिटल मार्केट रेगुलेटर ) के साथ मिलकर काम करती है |

इस प्रकार SEBI व AMFI, म्यूच्यूअल फण्ड निवेश को सुरक्षित बनाने व निवेशकों को भरोसा दिलाने में  एक अहम भूमिका निभाती है|

अगर कोई कंपनी, व्यक्ति, संस्था आदि म्यूच्यूअल फण्ड डोमेन में काम करना चाहती है तो इन सबको अपना डिटेल्स AMFI के पास रजिस्टर कराना होता है |  इसके साथ ही एम्फी के द्वारा बनाये गये नियमों व अनुशासनों का कड़ाई से पालन करना होता है |

AMFI के कार्य

AMFI के प्रमुख कार्य नीचें दिए गये है -
  • म्यूच्यूअल फण्ड इंडस्ट्री का विकास करना
  • म्यूच्यूअल फण्ड इंडस्ट्री से जुड़े मुद्दों को SEBI को बताना
  • म्यूच्यूअल फण्ड इंडस्ट्री में प्रोफेशनल व इथिकल स्टैंडर्ड को बनाना व मेन्टेनेन्स करना
  • निवेशको के इंटरेस्ट को बनाये रखना
  • म्यूच्यूअल फण्ड के बारे में प्रचार-प्रसार करना व निवेशको/लोगों को म्यूच्यूअल फण्ड के लाभ आदि से अवगत करना
  • म्यूच्यूअल फण्ड हाउस को बिज़नस को प्रभावी रूप से चलाने व कोड ऑफ़ कंडक्ट को अनुसरण करने के लिए बताना